पुलिस ने जिसका मर्डर का केस मे 3 लोगो को जेल भेजवाया, वही मरा हुआ व्यक्ति क्रिसमस मनाने गाँव पंहुचा, भौचक रहे गांव वाले

कार्रवाई पर सवाल अधजली लाश की पहचान निकली गलत,

जशपुर

पुलिस ने एक मर्डर के मामले मे सिटोंगा से रामजीत राम (25), वरिन्द्र राम (24) और 17 साल के नाबालिग को गिरफ्तार किया था। इधर शनिवार को जिसका मर्डर हुआ उसका नाम सीमित खाखा जो झारखंड से क्रिसमस मनाने गांव पहुंच गया। ग्रामीणों ने पुलिस को सूचना दी। पिछली कार्रवाई के मुताबिक आरोपियों ने मिलकर 17 अक्टूबर की शराब पी। दोस्तों को झारखंड ले जाकर काम दिलाने के एवज में सीमित खाखा को कमीशन मिला था। कमीशन के विवाद पर आरोपियों ने उसकी हत्या कर लाश जंगल ले जाकर गड्ढे में फेंक दिया।

पुलिस ने 2 नवंबर को इस तरह सीन रिक्रिएट करवाया था।

जशपुर से बड़ी खबर

सीमित खाखा से जब पूछा गया कि उसकी मौत की खबर चली, तो उसने परिवार से संपर्क क्यों नहीं

था। दिनभर किया। सीमित ने बताया कि वह मोबाइल नाहीं रखता। वह झारखंड के हजारीबाग में खेत मजदूर के तौर पर काम कर रहा था।। काम करने के बाद रात में शराब पीकर सो जाता था। वहीं सीमित के परिवार का कहना था कि बेटे का कोई संपर्क नंबर नहीं था। वह यह नहीं जानते थे कि बेटा झारखंड में कहां काम करने गया है। इसलिए पतासाजी नहीं की।

पुलिस ने ग्रामीणों की सूचना पुलिस ने पर सीमित को मृतक माना

जंगल में अधजली लाश के मामले में पुलिस ने शव की पहचान के लिए फोटो आसपास के थाना-चौकियों को भेजा था। क्षेत्र में गुम इंसानों की जानकारी भी ली जा रही थी। इसी दौरान पता चला कि सिटी कोतवाली अंतर्गत ग्राम सिटोंगा का सीमित खाखा कुछ दिनों से लापता है। वह गांव के ही युव कों के साथ झारखंड के हजारीबाग में मजदूरी कर रहा था। उसके साथी जब लौटे, तो सीमित उनके साथ नहीं था। इस आधार पर पुलिस ने सीमित के परिवार वालों को शव की पहचान के लिए बुलाया था।

सीमित खाखा शनिवार को बस से जशपुर पहुंचा। यहां बस स्टैंड पर उसने सिटोंगा जाने वाली ऑटो में सामान रखा। ऑटो चालक करण उसके ही गांव सिंटोगा का था और दोनों एक-दूसरे से परिचित थे। करण सीमित को देखा, तो देखता ही रह गया। उसे लगा कि वह सीमित खाखा का कोई हमशक्ल है। उसने सीमित से नाम पूछा और नाम सुनकर हैरान रह गया। सीमित के परिवार के साथ पूरा गांव उसे मरा समझ रहा था। ऑटो चालक करण ने सीमित को उसके घर छोड़ा। इस दौरान अब तक का घटनाक्रम बताया तो सीमित भी हैरान रह गया।

पुलिस की नई चुनौती- किसकी थी लाश?
मजिस्ट्रेट के सामने बयान कराया था। आरोपियों ने कबूल किया था कि उन्होंने सीमित की हत्या की है। इसके अलावा परिजनों ने नायब तहसीलदार के सामने शव की शिनाख्त की थी। पुलिस की ओर से फारेंसिक एक्सपर्ट से पूरी घटना का सीन ऑफ

मृतक का पता लगाने टीम गठित की गई है

आरोपियों ने घटना के एक-एक पल की जानकारी पुलिस को बताई। ऐससे में अब सीमित के जिंदा लौट आने के बाद मामला उलझ गया है। पुलिस के अनुसार कथित आरोपियों ने जान-बूझकर मृतक के तौर पर सीमित का नाम सामने आने पर उसकी हत्या करना कबूल किया है।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top